संवत् 2083 विक्रमी | भाद्रपद शुक्ल द्वितीया | शनिवार
नक्षत्र: हस्त | योग: शुभ | करण: बालव
पर्व विशेष : | तदनुसार 12 सितंबर 2026
मातृभाषा का रिश्ता जन्मदायिनी माता के साथ स्थूल रूप से जोड़ा जाता है, परंतु मातृभाषा से अभिप्राय उस परिवेश, स्थान,समूह में बोली जाने वाली भाषा से है जिसमें रहकर मनुष्य अपने बाल्यकाल में दुनियां के संपर्क में आता है, अर्थात मातृभाषा ही शिशु को…